Monday, 23 April 2018

पीयू में जॉब फेयर 2018 हुआ आयोजन


जॉब फेयर में उमड़े विद्यार्थी, विश्वविद्यालय में पहली बार लगा जॉब फेयर
24 अप्रैल को  भी चलेगा जॉब फेयर
कुलपति ने फीता काटकर किया शुभारंभ

विश्वविद्यालय में ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट सेल द्वारा विद्यार्थियों को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए जॉब फेयर 2018 का आयोजन किया गया । विश्वविद्यालय में पहली बार रोजगार के लिए इस तरह का वृहद् आयोजन किया गया है। जॉब फेयर का उद्घाटन कुलपति प्रोफेसर डॉक्टर  राजाराम यादव एवं नई दिल्ली से आए भारत सरकार के पूर्व उप सचिव कृष्ण दत्त समाधिया  ने  किया।
अपने संबोधन में कुलपति प्रोफेसर डॉ राजाराम यादव ने कहा कि आज के दौर में पुरुषार्थ चतुष्ट्य में अर्थ महत्वपूर्ण हो गया है।  इस जॉब फेयर में जो विद्यार्थी भाग लेने आए हैं वह अपने भविष्य के प्रति सजग  हैं। विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को अच्छी शिक्षा देने के साथ-साथ बेहतर रोजगार उपलब्ध कराने के लिए ऐसे आयोजन करता रहेगा। उन्होंने कहा कि  विद्यार्थी मन से अध्ययन करें ,विश्वविद्यालय उन्हें रोजगार मुहैया करने में आगे रहेगा।  कुलपति ने विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात कर उनसे विस्तार पूर्वक बातचीत की।
प्लेसमेंट सेल की निदेशक  प्रोफेसर रंजना प्रकाश ने कहा कि विश्वविद्यालय की छवि   शिक्षकों के साथ-साथ उसके विद्यार्थियों से भी होती है हमारे विद्यार्थियों का भविष्य बेहतर हो इसलिए आज यह जॉब फेयर लगाया गया है।  जॉब फेयर 2018 में 1125 विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया।  परिसर के इंजीनियरिंग, प्रबंधन , जनसंचार, फार्मेसी, व्यावहारिक मनोविज्ञान आदि विषयों के अतिरिक्त 20 महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने भी प्लेसमेंट प्रक्रिया में प्रतिभाग किया। मड़ियाहूं पीजी कालेज के विद्यार्थियों का उत्साह देखते  बनता था। जॉब फेयर के पहले दिन 17 कंपनियों के प्लेसमेंट प्रक्रिया में विद्यार्थियों ने अपना कौशल दिखलाया, जिसमें भारत स्टार सर्विस प्राइवेट लिमिटेड, मोबिलिटी, अरनव इन्फोसॉफ्ट, ऑथेंटिक इंफोसॉफ़्ट लिमिटेड, एनसीआर कॉरपोरेशन इंजीनियरिंग, कोहिनूर एग्रो, न्यूट्री लाइफ प्राइवेट लिमिटेड, चंदन हेल्थ केयर लिमिटेड, यूरेका फोर्ब्स, यूएसजी, जीएनएन, इंडिया मार्ट, कार्वी ग्रुप, ई जेड मूव्स  कंपनियां शामिल हुई।बीटेक एवं एमबीए के विद्यार्थियों के लिए 24 अप्रैल को भी कई कंपनियों द्वारा कैंपस चयन किया जाएगा। सोमवार को फॉर्मेसी, संकाय भवन, फॉर्मेसी, एम .बी.ए  और विश्वसरैया हॉल में देर शाम तक इंटरव्यू चला ।
जॉब फेयर में कंपनियों द्वारा लिखित परीक्षा समूह परिचर्चा एवं साक्षात्कार की प्रक्रिया संपन्न कराई गई, जिसका परिणाम 24 अप्रैल को जारी किया जाएगा।
विश्वविद्यालय के वित्त अधिकारी एम के सिंह और रंजनाप्रकाश ने कंपनियों के प्रतिनिधियों को स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मनित किया।
प्लेसमेंट  सेल के श्याम त्रिपाठी एवं ऋषि सिंह ने विभिन्न गतिविधियों का समन्वय किया।
 इस अवसर पर कुलसचिव सुजीत कुमार जायसवाल प्रो बीवी तिवारी, प्रो अजय द्विवेदी, प्रो अशोक कुमार  श्रीवास्तव, प्रो मानस पांडेय, प्रो वंदना राय, प्रो राजेश शर्मा, प्रो बी डी शर्मा, डॉ मनोज मिश्रा, डॉ संतोष कुमार, डॉ राजकुमार सोनी, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ सुनील कुमार समेत तमाम लोग मौजूद थे ।

Saturday, 21 April 2018

डॉ झाँसी मिश्रा को नीदरलैंड में मिला यंग साइंटिस्ट अवार्ड

विश्वविद्यालय के फार्मेसी विभाग की शिक्षिका डॉ. झांसी मिश्रा को नीदरलैंड की राजधानी एम्स्टर्डम में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी में भैषज्य  विज्ञान में उत्कृष्ट योगदान के लिए यंग साइंटिस्ट अवार्ड दिया गया।  डॉक्टर मिश्रा ने एम्स्टर्डम में 16- 17 अप्रैल को आयोजित अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी में फार्मूलेशन एंड  इवेलवेशन  ऑफ़ फ़ास्ट डिसॉल्विंग टेबलेट्स हैविंग एंटी डायबटिक एक्टिविटी विषय पर शोध प्रस्तुत किया।डॉ मिश्रा ने बताया कि 15 से अधिक देशों के शिक्षक एवं वैज्ञानिकों ने प्रतिभाग किया।डॉ. झांसी मिश्रा भुवनेश्वर उड़ीसा की मूल निवासी हैं। वर्तमान समय में डॉ. मिश्रा के राष्ट्रीय अंतर्राष्ट्रीय 30 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित हैं।
शनिवार को विश्वविद्यालय के कुलपति सभागार में डॉ झाँसी मिश्रा को कुलपति डॉ राजाराम यादव एवं महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद  गिरि ने बधाई दी। इस अवसर पर कुलसचिव सुजीत कुमार जायसवाल, डॉ मनोज मिश्र, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ आलोक कुमार दास, डॉ. पुनीत धवन, संजय श्रीवास्तव उपस्थित रहे।

जॉब फेयर में आएंगी 20 कंपनियां


कैंपस सलेक्शन में पूर्वांचल विश्वविद्यालय राज्य विश्वविद्यालयों में सबसे आगे -कुलपति



विश्वविद्यालय के कुलपति सभागार में शनिवार को कुलपति प्रोफेसर डॉक्टर राजाराम यादव की अध्यक्षता में जॉब फेयर 2018 की सफलता के लिए बैठक हुई। कुलपति प्रोफेसर डॉक्टर राजाराम यादव ने कहा कि राज्य विश्वविद्यालयों में पूर्वांचल विश्वविद्यालय कैंपस प्लेसमेंट में सबसे आगे है। विद्यार्थियों को पढ़ाई के बाद आसानी से रोजगार   मिले इसके लिए जॉब फेयर का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शिक्षक के लिए विद्यार्थी सबसे महत्वपूर्ण होता है। विद्यार्थियों  को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए विश्वविद्यालय हर स्तर पर प्रयास करता रहेगा।

ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट सेल की निदेशक प्रोफेसर रंजना प्रकाश ने कहा कि  23 अप्रैल को आयोजित होने वाले जॉब फेयर में अब तक 20 कंपनियों के आने की स्वीकृति मिल चुकी है। उन्होंने कहा कि जॉब फेयर में भाग लेने के लिए विद्यार्थी रविवार तक अपना रजिस्ट्रेशन करवा लें। विश्वविद्यालय परिसर पाठ्यक्रमों के अंतिम वर्ष के विद्यार्थी एवं पास आउट हो चुके विद्यार्थी जॉब फेयर में भाग ले सकते हैं। इसके साथ ही महाविद्यालय के विद्यार्थियों को जॉब फेयर में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया गया है।विद्यार्थियों को महाविद्यालय द्वारा निर्गत पहचान पत्र,10 पासपोर्ट साइज़ फोटो ,बायोडाटा और आधारकार्ड लाने को कहा गया है। 


जॉब फेयर को सफल बनाने के लिए विभिन्न कमेटियों का गठन भी किया गया है। बैठक में कुलसचिव  सुजीत कुमार जायसवाल, प्रो.  बीबी तिवारी,  प्रो.मानस पांडे,  प्रो. अजय प्रताप सिंह,  प्रो.अजय द्विवेदी,  प्रो. वंदना राय,  प्रो. बी डी शर्मा, डॉ मनोज मिश्र, डॉ राजकुमार सोनी, डॉक्टर संतोष कुमार, डॉ सुनील कुमार,डॉ दिग्विजय सिंह राठौर समेत तमाम लोग मौजूद रहे।




Friday, 20 April 2018

इग्नू के नव प्रवेशित विद्यार्थियों के परिचय समारोह का हुआ आयोजन


वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय परिसर स्थित इंदिरा गाँधी नेशनल  ओपन  यूनिवर्सिटी  अध्ययन केंद्र द्वारा नव प्रवेशित विद्यार्थियों के परिचय समारोह का आयोजन शुक्रवार को  किया गया।इस अवसर पर  अध्ययन केंद्र के समन्वयक डॉ आशुतोष कुमार सिंह ने सभी शिक्षार्थियों को इग्नू पाठ्यक्रम से संबंधित सत्रीय कार्य, काउंसलिंग एवं परीक्षा इत्यादि के बारे में विस्तार से जानकारी एवं परिचय पत्र वितरित किया।  इस अवसर पर उपस्थित मुख्य अतिथि प्रोफेसर मानस पांडे ने बताया कि इग्नू  के माध्यम से छात्र-छात्राएं अल्प अवधि के रोजगार एवं कौशल विकास के पाjansठ्यक्रम से अतिरिक्त ज्ञान अर्जित कर सकते हैं।  विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर अविनाश पाथर्डीकर ने  इग्नू पाठ्यक्रम की उपयोगिता एवं प्रासंगिकता पर प्रकाश डालते हुए पाठ्यक्रमों के बारे में  जानकारी दी।  संचालन डॉ आशुतोष सिंह एवं धन्यवाद   डॉ ऋषिकेश ने दिया।